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Madhushala (मधुशाला)

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मधुशाला मृदु भावों के अंगूरों की आज बना लाया हाला, प्रियतम, अपने ही हाथों से आज पिलाऊँगा प्याला, पहले भोग लगा लूँ तेरा फिर प्रसाद जग पाएगा, सबसे पहले तेरा स्वागत करती मेरी मधुशाला।।१।

Aitbaar (ऐतबार)

हमारे ऐतबार की हद, ना पूछ "ग़ालिब",

Nasha (नशा)

पानी में whiskey मिलाओ तो नशा चढ़ता है, पानी में rum मिलाओ तो नशा चढ़ता है, पानी में brandy मिलाओ

Anjam (अंजाम)

कुछ इस तरह गुज़रती अब, हमारी हर शाम है, एक हाथ तस्वीर उनकी,

Khamoshi (ख़ामोशी)

हर तरफ ख़ामोशी का साया है, ज़िन्दगी में प्यार किसने

Hosh (होश)

ग़म तुम लाते हो ज़िन्दगी में हमारे, वो ज़ख्म आने नहीं देती,

Waah Sharab (वाह शराब)

दूरियां आसानी से मिलाती है शराब, मजबूरियों को नशे में नचाती है शराब।

Nasha (नशा)

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हर बात का कोई जवाब नहीं होता, हर इश्क़ का नाम ख़राब नहीं होता,

Kasam (कसम)

पीते थे शराब हम, उसने छुडादी अपनी कसम देकर,

Paimana (पैमाना)

वो भी दिन थे जब हम भी पिया करते थे, यूँ न करो हमसे पीने पिलाने की बात,

Dawa (दवा)

यारो की महफ़िल ऐसे जमाई जाती है, खोलने से पहले बोतल

Mahaul (माहौल)

कुछ लोग पीते हैं गम भुलाने को, कुछ लोग पीते हैं माहौल

Ilzam (इलज़ाम)

नशा हम करते हैं, इलज़ाम शराब को दिया जाता है,

Botal (बोतल)

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मेरी कब्र पे मत गुलाब लेके आना, न ही हाथों में चिराग लेके आना,

Shikayat (शिकायत)

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पानी से प्यास न बुझी, तो मैखाने की तरफ चल निकला,

Chal daru peete hain (चल दारु पीते हैं)

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चल दारु पीते हैं, समय से चुरा के कुछ वक़्त, चल ज़िन्दगी जीते हैं, चल दारु पीते हैं। वो सपनों की चादर जो फट गयी है, नशे में ही सही,